
इस बार अगस्त की घटती बारिश ने मौसम के मिजाज में बदलाव का संकेत दिया है। पांच साल बाद महीने में कम बारिश दर्ज होने से नदियों के जलस्तर और भूजल पर असर की चिंता बढ़ गई है।
बारिश के लिहाज से इस वर्ष अगस्त के महीने ने निराश किया है। देहरादून एयरपोर्ट पर दर्ज मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार 2020 के बाद इस अगस्त सबसे कम बरसात दर्ज की गई है। एयरपोर्ट मौसम विभाग ने इस अगस्त कुल 374.7 मिमि बारिश रिकार्ड की है। जबकि इससे पहले 2020 अगस्त माह में कुल 297.2 बारिश दर्ज की गई थी।
मौसम वैज्ञानिकों ने प्रशांत महासागर में अल नीनो के प्रभाव, कमजोर मॉनसूनी हवाओं की धीमी रफ्तार, कम दबाव वाले क्षेत्रों के कमजोर होने आदि का हवाला देते हुए पहले ही इस वर्ष कमजोर मॉनसून की भविष्यवाणी की है। हांलाकि कमजोर मॉनसून की भविष्यवाणी के बीच इस वर्ष जुलाई माह की बारिश ने पिछले वर्ष जुलाई का रिकॉर्ड जरूर तोड़ा है। पिछले वर्ष जुलाई माह में दून एयरपोर्ट के मौसम विभाग ने कुल 499.3 मिमी बारिश दर्ज की थी। जबकि इस वर्ष जुलाई में कुल 570.7 मिमी बारिश दर्ज हुई है। यानि पिछले जुलाई से इस बार जुलाई माह में करीब 71 मिमी बारिश अधिक दर्ज हुई है। लेकिन इस बार अगस्त माह में करीब पांच वर्ष बाद काफी कम बारिश दर्ज की गई है। जिससे पर्यावरणविद् चिंतित हैं।

